1984 के बाद दिल्ली की सड़कों पर इतनी अराजकता पहले कभी नहीं दिखी। इसके लिए दोषी कौन? क्या सड़कों पर घूमता स्वच्छंद किसान या फिर उसके नेता दूसरी तरफ पुलिस बल या उसके आला अधिकारी या फिर मूक प्रशासन ? और इस बवाल पर रोटियां सेकते राजनेता। एक प्रश्न चिन्ह सबके सामने हैं। दोषी सड़क पर घूमने वाले किसान को बनाया जाएगा। पर क्या असली दोषी वही है?
6 माह में सम्मेदशिखर की पूरी रंगत बदली हुई दिखेगी –...
22 अगस्त 2026 /श्रावण शुक्ल दशमी /चैनल महालक्ष्मी और सांध्य महालक्ष्मी/ शरद जैन
॰ तीर्थक्षेत्र कमेटी टीम को आशीर्वाद व दी...
















