यह तीर्थंकर पार्श्वनाथ स्वामी की अनूठी प्रतिमा है जिसमे 1 ही पाषाण में 23 पार्श्वनाथ स्वामी के बिम्ब खुदे है, प्रतिमा जी कर्नाटक के जिनालय में विराजमान है। (SOURCR: SOCIAL MEDIA)
तीर्थक्षेत्र कमेटी के शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष शुभारंभ का अभूतपूर्व शंखनाद
25 अक्टूबर 2026 / अश्विन शुक्ल चतुर्दशी /चैनल महालक्ष्मी और सांध्य महालक्ष्मी/ शरद जैन
जहां धर्म की ज्योति जले, हर दिल में विश्वास जगे,
मथुरा...
















