रविवार में सुबह खरगौन के ऊन सिद्धयोग पावागिरि स्थित महावीर दि. जैन मन्दिर में मूलनायक के साथ रखी 24 तीर्थंकर रत्न प्रतिमाओं में से 6 रत्न प्रतिमाओं की चोरी हो गई। यहां उससे दो दिन पहले ही 14 मुनिजनों के सान्निध्य में कार्यक्रम किया। लगता है तभी चोरों में रैकी की। मन्दिर का CCTV 6 माह से बंद है, रत्न प्रतिमाओं के कांच बाॅक्स को खोलकर चोरी की गई। पुलिस को दो के फिंगर प्रिन्ट मिले हैं। पर है खाली हाथ 100 घंटे बाद भी। एक कड़वा सच आज समाज के सामने यह भी है, कि हम लाखों रूपये प्रतिमाओं की स्थापना में जरूर लगाने को तैयार रहते हैं, पर सुरक्षा के मामले में सदा पीछे रहते हैं, असली जिम्मेदारी किसकीं।
27 वर्षों में दिगंबर संतों की कैसे घटी-बढ़ी संख्या ॰ गत...
12 अक्टूबर 2026 / अश्विन शुक्ल द्वितीया /चैनल महालक्ष्मी और सांध्य महालक्ष्मी/ शरद जैन
॰ 27 वर्षों की लगातार वर्ष दर वर्ष गणना केवल सान्ध्य...
















