॰ चैनल महालक्ष्मी के पास अनेक शिकायतें व आडियोज
21 फरवरी 2026 / फाल्गुन शुक्ल चतुर्थी /चैनल महालक्ष्मी और सांध्य महालक्ष्मी/ शरद जैन

पिछले कुछ दिनों में अचानक फर्जी दान मांगने या कहे अवैधवसूली वालों की मानो बाढ़-सी आ गई है। आज सीमा तो इतनी पार हो गई है कि फोन करते समय सीधा कहते हैं कि अमुक आचार्य के सामने से ही बोल रहे हैं और वो कह रहें कि अमुक राशि ट्रांसफर करनी है। इस फर्जीवाड़े में आचार्य श्री प्रसन्न सागरजी, आचार्य श्री विशुद्ध सागरजी, आचार्य श्री सुनील सागरजी, आचार्य श्री विनम्र सागरजी, भद्रबाहु सागरजी महाराज, मुनि श्री समत्व सागरजी, मुनि श्री आदित्य सागरजी, णमोकार तीर्थ, जीवदया, गौशाला आदि के नाम पर ही नहीं, अनेक नामों से कॉल्स आती हैं, व्हाट्सअप मैसेज और व्हाट्सअप पर कॉल्स इस तरह आती हैं कि सामने वाला कोई न कोई रोज फंस ही जाता है।
हैरानगी तो इस बात पर है अधिकांश लोग कभी क्रास चैक नहीं करते और वे तो एक बार नहीं, अनेक बार दे चुके हैं। कुछ तो चैनल महालक्ष्मी पर जानकारी के बाद हमें फोन कर रहे हैं कि हमारे साथ भी ऐसा हो चुका है, कई तो अपने आॅडियो भी भेज रहे हैं।

इनमें से कुछ को चैनल महालक्ष्मी ने फोन किये, दूसरे नम्बरों से क्योंकि इसको तो TRUE CALLER से पहचान लेते हैं, तब बड़े सलीके से बात करते, किसी भी दान लेने से ही मना कर देते हैं। विश्वास कीजिए, इनमें से तीन तो आज भी फोन किये जा रहे हैं।

अधिकांश आचार्य संघों से व्हाट्सअप ग्रुप पर मैसेज आ रहे हैं। सावधान कर रहे हैं, ऐसे में करें क्या? सवाल यह सामने खड़ा हो जाता है। इस बात का जवाब स्वयं ही सोचना होगा कि किस संत के नाम पर सामने वाला फोन कर रहा है? जिनके पास फोन आता है, उनमें से आधे से ज्यादा उन संत संघ को जानते हैं और दूसरी बड़ी बात जिन नामचीन संघों के नाम पर पैसा बटोरने की कोशिशें हो रही हैं, उन संघों की ओर कभी आजतक मंगने के बारे में सपने में भी नहीं सोच सकते।
यह गोरखधंधा आजकल बड़ी तेजी से चल निकला है, यह कोई एक गिरोह नहीं कर रहा। अलग-अलग जगह से अलग-अलग या दो मिलकर कर रहे हैं। इनके पास एक नहीं, अनेक सिम होते हैं और ज्यादातर अपने असली नाम छिपाये जाते हैं ( ळ१४ी उं’’ी१ में अलग नाम आ रहे हैं)।
अहमदाबाद से एक बैंक मैनेजर ने बताया कि एक बड़े चैनल से प्रोमो बनवाकर चलवा रहे और उस चैनल को जब शिकायत की तो चैनल ने भी हाथ खड़े कर दिये और कहा कि हमसे प्रोमो बनवाने के बाद अब फोन नहीं उठा रहे।
एक और शिकायत मिली कि एक ने तो आचार्य श्री सुनील सागरजी के पाद प्रक्षालन कर वही तस्वीरें सोशल मीडिया पर डाली और फिर पैसे मांगने शुरू कर दिये।
इस बारे में पूरी जानकारी चैनल महालक्ष्मी के एपिसोड नं. 3628 में देख सकते हैं।
चैनल महालक्ष्मी चिंतन: सावधान! सावधान! सावधान! पहली बात तो यह है कि अगर कोई आपको मूर्ख बना देता है, तो कही न कहीं आपकी चूक झलकती है। दान सही हाथों में जाता है तो पुण्य है वर्ना निरर्थक। हमेशा दान सामने से दीजिए और जब सामने वाले आचार्यों के नाम पर दान मांगे, कभी आपके दिमाग में नहीं आता, ये वो संत जो सामने से कभी संकेत नहीं करते, उनके नाम पर दान और सोशल मीडिया पर ऐसे जागरूक के पोस्टों को इग्नोर क्यों करते हैं। अब आखिरी, पर जरूरी सलाह कि फोन पर मांगे जा रहे ऐसे दान वालों पर उचित कानूनी कार्यवाही की पहल करें। लिखित में डिमांड मंगवायें, व्हाट्सअप कॉल्स को इग्नोर करें, नार्मल कॉल्स को रिकॉर्ड करें, उसकी संघ से पूछताछ करें और फिर इन सबके साथ, आप के पास कार्यवाही के पूरे प्रमाण होंगे।
















